सहरसा जिले के कहरा प्रखंड में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत निर्माणाधीन मकानों की स्थिति को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। 2 नवंबर को प्रखंड के विभिन्न पंचायतों में अधिकारियों की टीम ने लाभुकों के घरों का औचक निरीक्षण किया, जिसमें कई मकान अधूरे पाए गए। जांच के बाद अधूरे निर्माण वाले लाभुकों को नोटिस जारी करते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूरा करने का निर्देश दिया गया है। इस कार्रवाई से क्षेत्र के लाभुकों में हड़कंप मच गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) के नेतृत्व में गठित टीम ने कहरा, बरियाही, महिषी और आसपास के गांवों का दौरा किया। टीम ने योजना के तहत स्वीकृत आवासों की भौतिक प्रगति का जायजा लिया। निरीक्षण में पाया गया कि कई लाभुकों ने पहली किस्त की राशि प्राप्त करने के बावजूद निर्माण कार्य में तेजी नहीं दिखाई, जिससे मकान अधूरे रह गए। अधिकारियों ने ऐसे मामलों को गंभीरता से लेते हुए तत्काल प्रभाव से नोटिस जारी किए।
जारी नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि लाभुकों को 15 दिनों के भीतर निर्माण कार्य पूरा करना होगा, अन्यथा अगली किस्त रोकने के साथ-साथ योजना से नाम हटाने की कार्रवाई की जा सकती है। प्रशासन का मानना है कि इससे लाभुकों में जवाबदेही बढ़ेगी और योजना का उद्देश्य सफल होगा। साथ ही, अधिकारियों ने स्थानीय ग्राम पंचायतों के मुखिया और रोजगार सेवकों को भी निर्देश दिया है कि वे निर्माण कार्य की नियमित निगरानी करें।
स्थानीय लाभुकों ने इस कार्रवाई पर मिश्रित प्रतिक्रिया व्यक्त की है। कुछ लाभुकों का कहना है कि मजदूरी और सामग्री की बढ़ती कीमतों के कारण निर्माण में देरी हुई है, जबकि अधिकारियों का तर्क है कि समय पर कार्य पूरा न करना योजना के प्रति लापरवाही है। प्रखंड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी और सभी पात्र लाभुकों को योजना का लाभ मिलना सुनिश्चित किया जाएगा।
यह कदम सहरसा जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रगति को गति देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि भविष्य में भी ऐसे औचक निरीक्षण जारी रहेंगे और किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कहरा प्रखंड के ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे निर्माण कार्य में तेजी लाएं और नोटिस का समुचित जवाब दें, ताकि उन्हें योजना का पूरा लाभ मिल सके।